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सीने में दुःख, गले में गांठ… कोविड से लंबे समय तक बीमार पड़ सकते हैं लोग, रिसर्च में दावा

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हाइलाइट्स

रिसर्च में यह दावा किया गया है कि कोविड से लोग लंबे समय तक बीमार पड़ सकते हैं.
रिसर्च के मुताबिक यह अभी तक लंबे कोविड प्रसार के विश्वसनीय कयास।ों में से एक है.
रिसर्च में शामिल प्रतिभागियों को उन लक्षणों को रिपोर्ट करने के लिए कहा गया, जो वह संक्रमण में शुरू से ही नियमित रूप से महसूस कर रहे थे.

नई दिल्ली. अगर आपने मास्क पहनना छोड़ दिया है दूसरा कोविड से बचने वाले सारे नियमों की अनदेखी कर रहे हैं, तो आपको सावधान हो जाना चाहिए. क्योंकि एक रिसर्च में दावा किया गया है कि कोविड से लोग लंबे समय तक बीमार पड़ सकते हैं. शुक्रवार को मेडिकल जर्नल द लैंसेट में प्रकाशित एक नई रिसर्च में कहा गया है कि कोविड-19 से संक्रमित आठ लोगों में से एक को 90 से 150 दिनों के बाद सांस फूलने दूसरा सामान्य थकान जैसी समस्याएं होती हैं. रिसर्च के मुताबिक अभी तक लंबे कोविड प्रसार के विश्वसनीय कयास।ों में से एक है. कोविड से लंबे समय तक बीमार रहने वाले लोगों पर अभी तक ठीक से रिसर्च नहीं किया गया है. इससे लंबे समय तक बीमार रहने वाले लोगों पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा इस पर भी ज्यादा जानकारी नहीं है.

हिन्दुस्तान टाइम्स के अनुसार नीदरलैंड का नया रिसर्च कम से कम इस सवाल का ठोस जवाब तो दे रहा है कि कोविड से लंबे समय तक बीमार रहने वाले लोगों पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा. रिसर्च में शामिल प्रतिभागियों को उन लक्षणों को रिपोर्ट करने के लिए कहा गया, जो वह संक्रमण में शुरू से ही नियमित रूप से महसूस कर रहे थे. रिसर्च में कहा गया है कि संक्रमण के चलते लंबे समय तक सीने में दुःख, सांस लेने में दर्द, मांसपेशियों में दुःख, स्वाद दूसरा गंध की कमी, झुनझुनी, गले में गांठ, गर्म दूसरा ठंडा महसूस करना, भारी हाथ-पैर दूसरा सामान्य थकान हो सकती है.

रिसर्च के प्रमुख लेखक दूसरा ग्रोनिंगन विश्वविद्यालय के जुडिथ रोसमेलन ने एक प्रेस रिलीज में कहा कि कोविड के बाद कुछ रोगियों द्वारा अनुभव किए गए दीर्घकालिक लक्षणों के पैमाने दूसरा दायरे को सूचित करने वाले डेटा की तत्काल आवश्यकता थी. कोविड के बाद होने वाले लक्षणों के लिए डेटा जमा करने वाले प्रतिभागियों में शोधकर्ताओं ने पाया कि कोविड-19 पॉजिटिव प्रतिभागियों में से 21.4 प्रतिशत (381 में से 1,782) लोगों ने ऊपर बताए लक्षणों में से कई लक्षणों का अनुभव किया.

लॉन्ग कोविड के प्रभाव में मस्तिष्क दूसरा हृदय शपथाली (cardiovascular machine) पर संभावित दीर्घकालिक प्रभावों सहित कई कारकों की भी जांच की जा रही है. रिसर्च के लेखकों ने कहा कि भविष्य में मानसिक स्वास्थ्य प्रभावों को भी देखने की आवश्यकता है.

Tags: Coronavirus, Lancet

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